काराकाट विधानसभा चुनाव रिजल्ट 2025 Live Updates: बिहार में अब सभी की नजर चुनाव परिणाम पर है. आज शुक्रवार को चुनाव परिणाम का दिन है. राज्य के हर जिले में काउंटिंग को लेकर तैयारी पूरी की जा चुकी है. सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं. चुनाव से बहुत पहले ही यहां पर राजनीतिक सरगर्मी शुरू हो गई थी. जन सुराज पार्टी भी चुनाव में अहम रोल निभाने की कोशिश में है. राज्य में 2 चरणों (6 और 11 नवंबर) में चुनाव कराए गए. रोहतास जिले में भी चुनाव को लेकर खासी हलचल देखी गई. यहां की चर्चित कराकाट सीट पर भी मतगणना चल रही है और शुरुआती रुझान के जल्द ही सामने आने की उम्मीद है.
काराकाट विधानसभा सीट पर जेडीयू और CPI(ML)L के बीच मुख्य मुकाबला है. महाबली सिंह एनडीए की ओर से जनता दल यूनाइटेड के टिकट पर मैदान में उतरे तो महागठबंधन की ओर से CPI(ML)L के टिकट से अरुण सिंह कुशवाहा ने अपनी चुनौती पेश की. बिहार में इस बार वोटिंग 6 और 11 नवंबर को कराई गई. रोहतास जिले में दूसरे चरण के तहत 11 नवंबर को वोट डाले गए. दूसरे चरण में 122 सीटों पर वोट डाले गए थे.
2020 में कैसा रहा यहां का प्रदर्शन
साल 2020 के चुनाव में काराकाट सीट पर 13 प्रत्याशियों ने अपनी-अपनी दावेदारी पेश की थी. लेकिन भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (CPI(ML)L) के अरुण सिंह ने 18 हजार से अधिक मतों के अंतर से जीत हासिल की. अरुण सिंह ने 82,700 वोट हासिल किए जबकि उनके करीबी प्रतिद्वंद्वी भारतीय जनता पार्टी के राजेश्वर राज को 64,511 वोट मिले. यहां पर नोटा के पक्ष में 3,010 वोट मिले.
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काराकाट सीट पर CPI(ML)L का दबदबा
काराकाट विधानसभा क्षेत्र पिछले 3 दशकों में राज्य में वाम पंथ का अहम गढ़ के रूप में है. 90 के दशक के बाद क्षेत्र के कद्दावर नेता तुलसी यादव ने जीत हासिल की थी. 1990 और 1995 में जीत हासिल करते हुए तुलसी ने इस सीट से 5 जीत दर्ज कराई. लेकिन इसके बाद काराकाट सीट CPI(ML)L के दबदबे वाला क्षेत्र बन गया. पार्टी के अरुण सिंह ने साल 2000 में यहां से पहली जीत हासिल की. फिर फरवरी 2005 और उसके बाद उन्होंने नवंबर 2005 में जीत हासिल कर अपनी हैट्रिक पूरी की.
साल 2010 में जनता दल यूनाइडेट ने CPI(ML)L के जीत पर ब्रेक लगाया और राजेश्वर राज को जीत हासिल हुई. फिर 2015 के चुनाव में आरजेडी ने यहां से जीत हासिल की और संजय यादव विधायक चुने गए. 2020 में अरुण सिंह ने CPI(ML)L के दबदबे वाले इस क्षेत्र पर फिर से जीत हासिल की.

