मौसम विभाग का कहना है, शुक्रवार को हुई दिल्ली-NCR की बारिश ठिठुरन बढ़ाएगी.
दिल्ली-NCR को बारिश के बाद प्रदूषण से राहत मिली है. शुक्रवार को दिल्ली के साथ नोएडा, गुरुग्राम और गाजियाबाद के आसपास के हिस्सों में सुबह हल्की बारिश हुई है. केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के मुताबिक, बारिश के बाद हवा की गुणवत्ता में सुधार हुआ है. मौसम विभाग का कहना है कि अगले कुछ दिनों में न्यूनतम तापमान में और गिरावट हो सकती है. ठिठुरन बढ़ेगी. सुबह-शाम ठंडी हवाएं चलने से सर्दी बढ़ेगी.
सर्दी की बारिश कई तरह से असर डालती है. यह ठंड को बढ़ाने के साथ खेती के लिए अच्छी मानी जाती है. एक तय लिमिट तक सर्दी की बारिश पैदावार को बढ़ाती है. जानिए, सर्दी की बारिश के कितने फायदे और कितने नुकसान.
सर्दी की बारिश के कितने फायदे?
1- किसानों और खेती के लिए वरदान
सर्दी में होने वाली सीमित बारिश रबी की फसलों के लिए अमृत की तरह होती है. सर्दी में बोई जाने वाली फसलों जैसे- गेहूं, चना, सरसों, मटर, जौ के लिए बारिश वरदान मानी जाती हैं. यह पौधों की बढ़ोतरी को तेज करती है. सिंचाई की टेंशन को कम कर देती है. बारिश से खेतों में बनी रहने वाली नमी किसानों का पानी और सिंचाई के लिए डीजल और बिजली के खर्च को बचाती है.
2- फसल की गुणवत्ता बढ़ती है
बारिश के पानी से मिट्टी की ताकत बढ़ती है और पोषक तत्व घुलकर फसलों तक पहुंचते हैं. मिट्टी नरम होती है और पौधों की जड़ें मजबूत होती है. सर्दी की बारिश फसलों के लिए वरदान की तरह होती है. सीमित बारिश में फसल को न तो पाला लगता है और न ही गर्मी का झटका. फसलों में नमी बढ़ने से इसकी गुणवत्ता और उत्पादन बढ़ता है. पैदावार में बढ़ोतरी के साथ किसानों की आय भी बढ़ती है.
3- साफ हो जाती है हवा
बारिश हवा को भी साफ करने का काम करती है. यह हवा में मौजूद धूल, धुआं, राख, PM पार्टिकल्स को जमीन पर गिरा देती है. नतीजा, हवा की क्वालिटी में तत्काल इसका असर दिखता है. स्मॉग और धुंध खत्म होती है. विजिबिलिटी बढ़ती है. पेड़-पौधों पर जमी धूल हटती है और ये बेहतर तरीके से ऑक्सीजन रिलीज करते हैं.
दिल्ली-NCR में बारिश
#WATCH: Rain lashes some parts of Delhi-NCR. #DelhiRain pic.twitter.com/Hn8UWbrXZL
— All India Radio News (@airnewsalerts) January 9, 2026
बारिश के कितने नुकसान?
- सर्दी में फायदे के बीच नुकसान को भी जान लेने की जरूरत है. सर्दी की बारिश बीमारियों का खतरा बढ़ाती है. सर्दी, खांसी, फ्लू और जोड़ों का दर्द बढ़ता है. इसलिए सर्दी से बचाव के तरीकों को नजरंदाज बिल्कुल भी न करें.
- बेशक सीमित बारिश फसलों की गुणवत्ता और उत्पादन को बढ़ाती है, लेकिन जरूरत से ज्यादा बारिश या ओलावृष्टि फसलों को नुकसान भी पहुंचा सकती है.
- फिसलन भरी सड़कें दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ाती हैं. बारिश के दौरान ट्रैफिक जाम की स्थिति बनती है. कपड़ों का सूखना मुश्किल हो जाता है. ट्रेनों के देरी से पहुंचे और विमानों के उड़ान भरने और लैंडिंग में लेटलतीफी बढ़ती है.
फिलहाल मौसम विभाग का कहना है कि बारिश के बाद ठिठुरन बढ़ेगी. सर्दी हवाओं का असर बढ़ेगा.
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