BPSSC SI भर्ती 2026Image Credit source: getty images
बिहार पुलिस में सब-इंस्पेक्टर (SI) बनने के लिए मेहनत करने वाले लाखों युवाओं के लिए आज का दिन बहुत मायने रखता है. बिहार पुलिस अवर सेवा आयोग (BPSSC) द्वारा आयोजित SI भर्ती 2026 का मेन्स एग्जाम आज 18 जनवरी 2026 से शुरू हो गया है. यह परीक्षा राज्य के विभिन्न जिलों में बनाए गए सेंटर्स पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच कराई जा रही है. उम्मीदवारों की चेकिंग में किसी तरह की लापरवाही न हो इसके लिए स्टाफ पूरी निगरानी कर रहा है. एग्जाम सेंटर्स के बाहर भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं. परीक्षा का दूसरा चरण 21 जनवरी 2026 को आयोजित होगा, जिसमें बड़ी संख्या में अभ्यर्थी शामिल होंगे.
BPSSC Bihar Police SI परीक्षा 2026 का शेड्यूल
BPSSC ने परीक्षा को व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए इसे दो पालियों में आयोजित करने का निर्णय लिया है. अभ्यर्थियों को उनके एडमिट कार्ड पर दिए गए समय के अनुसार ही परीक्षा केंद्र पर पहुंचना अनिवार्य है. पहली पाली की परीक्षा सुबह 10:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक हुई, जिसके लिए रिपोर्टिंग समय सुबह 8:30 बजे रखा गया था.
वहीं दूसरी पाली दोपहर 2:30 बजे से शाम 4:30 बजे तक आयोजित की जाएगी और इसके लिए अभ्यर्थियों को दोपहर 1:00 बजे तक केंद्र पर पहुंचना होगा. आयोग ने स्पष्ट किया है कि तय समय के बाद किसी भी उम्मीदवार को एग्जाम सेंटर में प्रवेश नहीं मिलेगा.
परीक्षा केंद्र पर जरूरी दिशा-निर्देश
परीक्षा को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए सख्त नियम लागू किए गए हैं. उम्मीदवारों को एडमिट कार्ड के साथ एक वैलिड फोटो पहचान पत्र जैसे आधार कार्ड, पैन कार्ड या वोटर आईडी अनिवार्य रूप से लाना होगा.
इसके अलावा मोबाइल फोन, ब्लूटूथ डिवाइस, स्मार्ट वॉच, कैलकुलेटर या किसी भी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक गैजेट पूरी तरह प्रतिबंधित हैं. अगर किसी अभ्यर्थी के पास ऐसी वस्तु पाई जाती है तो उसकी उम्मीदवारी रद्द की जा सकती है.
OMR शीट और सुरक्षा के कड़े इंतजाम
उम्मीदवारों को OMR शीट पर रोल नंबर और अन्य डिटेल बहुत सावधानी से भरने के निर्देश दिए गए हैं, क्योंकि किसी भी प्रकार की गलती होने पर आंसर शीट का मूल्यांकन नहीं किया जाएगा. परीक्षा केंद्रों पर जैमर लगाए गए हैं ताकि इलेक्ट्रॉनिक संचार पर रोक लगाई जा सके. साथ ही बायोमेट्रिक उपस्थिति, वीडियोग्राफी और पुलिस बल की भारी तैनाती की गई है. उड़न दस्तों द्वारा लगातार निगरानी रखी जा रही है, जिससे परीक्षा पूरी तरह शांतिपूर्ण और नकलमुक्त तरीके से संपन्न हो सके.

