शशि थरूर और दिग्विजय सिंह
कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने पीएम मोदी की पुरानी तस्वीर शेयर करके आरएसएस की संगठनात्मक शक्ति की तारीफ की थी. अपने इस बयान पर उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने कहा कि गोडसे जैसे हत्यारों से हमें कुछ सीखने की जरूरत नहीं है. उन्होंने कहा मैंने हमेशा भाजपा-आरएसएस की विचारधारा का विरोध किया है और मैं उनके खिलाफ लड़ता रहूंगा. मैं मानता हूं कि हर संगठन को मजबूत करने की जरूरत है.
हाल ही में कांग्रेस नेता दिग्विजय ने प्रधानमंत्री मोदी की पुरानी तस्वीर सोशल मीडिया पर पोस्ट की थी. उस पोस्ट में पीएम मोदी नीचे बैठे हुए दिखाई दिए. दिग्विजय सिंह ने इसे आरएसएस और भारतीय जनता पार्टी की संघठन शक्ति का उदाहरण बताया था.
#WATCH | Delhi | On Congress leader Digvijaya Singh praising the organisational strength of the RSS, Congress MP Shashi Tharoor says, “Even I want our organisation to strengthen. There should be discipline in our organisation. Digvijaya Singh can speak for himself…” pic.twitter.com/VuawKAwRim
— ANI (@ANI) December 28, 2025
पार्टी में सुधार की मांग का किया समर्थन
वहीं कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने अपने सीनियर साथी दिग्विजय सिंह की पार्टी में सुधारों की मांग का समर्थन किया है, और उनके बयान पर बढ़ते विवाद के बीच संगठन को मज़बूत करने की बात कही है. पिछले दिग्विजय सिंह ने एक पब्लिक पोस्ट में कांग्रेस के अंदर सुधारों और सत्ता के विकेंद्रीकरण की जरूरत पर जोर दिया था. जिसमें उन्होंने विपक्ष के नेता राहुल गांधी को टैग किया था. एक सीनियर नेता के ऐसे पब्लिक बयान से कांग्रेस शर्मिंदा हुई, लेकिन इससे अनुभवी नेताओं के बीच बढ़ती नाराज़गी भी सामने आई.
यह विवाद 27 दिसंबर को ऑनलाइन पोस्ट को लेकर शुरू हुआ, जिसमें सिंह RSS और BJP की तारीफ़ करते दिखे. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की BJP के वरिष्ठ नेता एलके आडवाणी के पास जमीन पर बैठे हुए एक फ़ोटो शेयर करते हुए, राज्यसभा सांसद ने कहा कि एक जमीनी कार्यकर्ता BJP-RSS सिस्टम में मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री जैसे बड़े पदों तक पहुंच सकता है. हालांकि दिग्विजय सिंह ने बाद में साफ किया कि वह RSS-BJP के कट्टर विरोधी हैं, लेकिन नुकसान हो चुका था

