पीड़ित दंपती रिटायर्ड वायुसेना
उत्तर प्रदेश के जालौन में एक रिटायर्ड वायुसेना कर्मी ने अपनी बहू पर घरेलू कलह और मानसिक प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए हैं. मामले में पूर्व सैनिक का कहना है कि उन्होंने देश की सेवा की, लेकिन आज खुद अपने ही घर में चैन से नहीं रह पा रहे हैं. पुलिस को बार-बार शिकायत देने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है.
मामला जिले के उरई कोतवाली क्षेत्र के कालिदास महाविद्यालय के पास का है. यहां के रहने वाले राधेश्याम तिवारी, जो भारतीय वायुसेना से सेवानिवृत्त हैं, फिलहाल औरैया के बिधूना में शिक्षक के रूप में कार्यरत हैं. उन्होंने बताया कि उनका छोटा बेटा आकाश तिवारी, जो दिल्ली की एक निजी कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर हैं, उसकी शादी इसी साल 8 मई को मध्य प्रदेश के दवोह की रहने वाली राधा कुरचनिया से हिंदू रीति रिवाजों के साथ हुई थी.
फैजी ने बहु पर लगाया आरोप
रिटायर्ड वायुसेना कर्मी के मुताबकि शादी के कुछ ही दिन बाद उनकी बहू राधा ने उरई स्थित पैतृक घर में रहने से इनकार कर दिया. विवाद बढ़ने पर उन्होंने बेटे और बहू को दिल्ली भेज दिया ताकि दोनों शांतिपूर्वक रह सकें, लेकिन वहां भी झगड़े शुरू हो गए.
उन्होंने बताया कि बहू ने बेटे आकाश पर दबाव बनाया कि वह अपने माता-पिता से किसी भी प्रकार का संबंध न रखे और न ही उरई जाए. जब बेटे ने ऐसा करने से मना किया, तो उसने मायके जाने की बात कहकर पिता को दिल्ली बुलाया. मगर मायके जाने के बजाय वह दो दिन दिल्ली में रहने के बाद अचानक उरई लौट आई.
पुलिस नहीं कर रही कार्रवाई
राधेश्याम तिवारी का आरोप है कि 2 नवंबर को जब वह जालौन चुंगी स्थित अपनी दुकान पर बैठे थे, तभी उनकी बहू वहां पहुंची और उनके पास बैठ गई. वे असहज होकर वहां से चले गए, लेकिन कुछ ही देर बाद बहू ने उन पर निर्वस्त्र करने और मारपीट करने के झूठे आरोप लगा दिए. उन्होंने बताया कि यह पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में दर्ज है, लेकिन पुलिस ने इसे ‘पारिवारिक मामला’ बताकर कोई कार्रवाई नहीं की.
पूर्व सैनिक ने बताया कि जब बेटा नौकरी के सिलसिले में बाहर गया था, तो बहू ने उनकी पत्नी (आकाश की मां) को कमरे में बंद कर दिया और घर का सामान लेकर मायके चली गई. जब बेटा लौटा तो उसने मां को कमरे में बंद पाया और घर बिखरा हुआ था. इस घटना की शिकायत पुलिस को दी गई, लेकिन तब भी कोई सुनवाई नहीं हुई.
बहु ने झूठे केस में फंसाया
राधेश्याम तिवारी और उनकी पत्नी अर्चना तिवारी का कहना है कि 17-18 अक्टूबर की रात बहू घर की लोहे की ग्रिल काट रही थी. जब उन्होंने रोकने की कोशिश की, तो उसने उन पर हमला कर दिया. यह पूरा घटनाक्रम भी सीसीटीवी में कैद है. पीड़ित दंपत्ति ने बताया कि बहू राधा ने उन पर और उनके बेटे पर दहेज प्रथा व घरेलू हिंसा अधिनियम के तहत मुकदमे दर्ज कर रखे हैं. साथ ही, वह उन्हें झूठे बलात्कार के केस में फंसाने की धमकी भी दे रही है.
फैजी ने लगाई न्याय की गुहार
पूर्व सैनिक दंपत्ति का कहना है कि वे पिछले दो महीनों से अपने ही घर में नहीं रह पा रहे हैं और इधर-उधर भटकने को मजबूर हैं. राधेश्याम तिवारी ने कहा ‘मैं भारतीय वायुसेना का सेवानिवृत्त सैनिक और वर्तमान में शिक्षक हूं. जीवनभर ईमानदारी से देश की सेवा की, लेकिन आज अपनी बहू की प्रताड़ना झेल रहा हूं.
पुलिस बार-बार सीसीटीवी दिखाने के बावजूद कार्रवाई नहीं कर रही है.’ उन्होंने उच्चाधिकारियों से निष्पक्ष जांच की मांग की है और चेतावनी दी है कि अगर जल्द न्याय नहीं मिला, तो वे प्रशासनिक अधिकारियों के कार्यालय के बाहर धरना देने को मजबूर होंगे.

